Again Ache: पीठ के अलग-अलग हिस्सों में दर्द होने का क्या मतलब है, एक्सपर्ट से जानें यह कितना खतरनाक हो सकता है?

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Again Ache: पीठ के अलग-अलग हिस्सों में दर्द होने का क्या मतलब है, एक्सपर्ट से जानें यह कितना खतरनाक हो सकता है?

पीठ दर्द की समास्या आमतौर किसी न किसी को होती रहती है। यह एक आम समास्या है जिस वजह से काफी लोग प्रभावित हो रहे है। पीठ का दर्द अगर लगातर होता है, प्रतिदिन काम करना कठिन हो गया है तो यह दर्द आगे चलकर असहनीय हो सकता है। एक्सपर्ट के मुताबिक पीठ में होने वाला दर्द ऐसे कई संकेत बताता है जिससे हमें अपनी सेहत का पता लगता है। ऑनलाइन फार्मेसी केमिस्ट क्लिक के फार्मासिस्ट अब्बास कनानी  का कहना है कि हर पीठ  दर्द के इलाज के अलग-अलग तरीके हैं. वहीं इनमें से कुछ प्रकार के दर्द में तुरंत दिखना बहुत जरुरी है। यदि आराम करने के बाद भी दर्द ठीक नहीं होता, रात को ज्यादा दर्द बढ़ जाता है, छीकते और खांसते समय दर्द अधिक बढ़ जाता है तो डॉक्टर को जरुर दिखाए। पीठ के किस हिस्से में दर्द का क्या मतलब है इस आर्टिकल में जान लीजिए।

दोनों साइड पीठ दर्द

अगर आपके पीठ के दोनों साइड के कोनों में तेज दर्द होता है तो आपको किडनी,आंत और गर्भाशय में दिक्कत हो सकती है। एक्सपर्ट के मुताबिक, किडनी की समस्याएं आपकी रीढ़ की हड्डी के दोनों तरफ पसलियों में दर्द पैदा कर सकती हैं। वहीं अगर किसी को किडनी की समास्या है तो दर्द उन क्षेत्रों में अधिक होगा जहां किडनी स्थित होती है। किडनी पसली के ठीक नीचे होती है इसलिए अगर किसी को किडनी और यूरिनरी समास्या है तो उसे आमतौर पर रीढ की हड्डी के दोनों तरफ पसली में दर्द होता है।

रीढ़ की हड्डी में दर्द

रीढ़ की हड्डी का दर्द जब होता है स्वयं स्पाइनल स्टोनोसिस सहित कई मेडिकल कंडीशन हो सकते है।  एक्सपर्ट के अनुसार,’स्पाइनल स्टेनोसिस तब होता है, जब आपकी पीठ के निचले हिस्से में स्पाइनल कैनाल संकरी हो जाती है। यह रीढ़ की हड्डी या रीढ़ की हड्डी से आपकी मसल्स तक पहुंचने वाली नसों पर दबाव डालती है जिससे दर्द महसूस होने लगता है। स्पाइनल स्टेनोसिस आपकी रीढ़ की हड्डी पर कहीं भी हो सकता है लेकिन पेट के नीचे वाले हिस्से में होना आम बात है। क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, यह स्थिति आमतौर पर रीढ़ की हड्डी में ‘घिसाव और टूट-फूट’ के कारण होती है. स्टेनोसिस के एक दुर्लभ प्रकार का कॉडा इक्विना सिड्रोम है, जिस वजह से पीठ के निचले हिस्से की सभी नसें अचानक से गंभीर रुप से सिकुड जाती है। जिससे दोनों तरफ किडनी के आसपास दर्द हो सकता है। इस स्थिति में पेशाब करने में काफी तकलीफ हो सकती है।

पीठ के निचले हिस्से में दर्द

उम्र के साथ-साथ बढ़ने वाला पीठ के निचले हिस्से में होने वाला दर्द काफी आम है। यह मसल्स में खिचाव और स्लीप डिस्क का संकेत हो सकता है। अगर आपके पीठ के निचले हिस्से में दर्द है तो यह हर्नियेटेड डिस्क हो सकता है। अब्बास कनानी  का कहना है कि ‘पीठ के मसल्स खिंचने से पीठ के निचले हिस्से में दर्द हो सकता है. इससे खड़े होने या झुकने जैसी स्थिति में दर्द होता है. यह दर्द किसी दुर्घटना के कारण और भी तेज हो सकता है। 

वहीं खराब स्ठिति में चलना, पीठ के मसल्स, टेंडन और लिगामेंट में ऐठन से दर्द और भी बढ़ जाता है। कुछ मामलों में पीठ के निचले हिस्से में दर्द का संकेत कैंसर भी हो सकता है। जिसमें स्पाइनल कैंसर, फेफड़ों का कैंसर, स्तन कैंसर और ब्लड कैंसर शामिल है।

ऊपरी पीठ का दर्द

अगर किसी के ऊपरी पीठ में दर्द होता है तो इस बात का संकेत होता कि आपकी नस दब गई है। ऐसा तब होता है जब आसपास के टिशयूज, हड्डी, मसल्स और टेंडन में अधिक दबाव होता है। अगर किसी के गर्दन में दर्द है तो उनकी गर्दन में डिस्क हर्नियेशन है, तो यह नर्व्स में दर्द पैदा करेंगा और चुभन महसूस होगी।

डिस्क्लेमर: इस लेख के सुझाव सामान्य जानकारी के लिए हैं। इन सुझावों और जानकारी को किसी डॉक्टर या मेडिकल प्रोफेशनल की सलाह के तौर पर न लें। किसी भी बीमारी के लक्षणों की स्थिति में डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

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